पर्यावरण शिक्षाशास्त्र : EVS की अवधारणा एवं दायरा (Concept & Scope of EVS)

  1. EVS की अवधारणा एवं दायरा (Concept & Scope of EVS)

पर्यावरण अध्ययन (Environmental Studies – EVS) प्राथमिक स्तर (कक्षा I–V) का एक एकीकृत और जीवनोपयोगी विषय है, जिसका उद्देश्य बच्चों को उनके आसपास के प्राकृतिक, सामाजिक और मानवीय परिवेश से जोड़ना है। EVS की अवधारणा इस विचार पर आधारित है कि बच्चा अपने अनुभवों, अवलोकन और सहभागिता के माध्यम से ज्ञान का निर्माण करता है। इसलिए EVS केवल पाठ्यपुस्तकों तक सीमित न होकर बच्चे के दैनिक जीवन से जुड़े अनुभवों जैसे परिवार, विद्यालय, समाज, पौधे, जानवर, भोजन, पानी, आवास, यात्रा और कार्यों को सीखने का आधार बनाता है।

EVS का दायरा व्यापक है क्योंकि इसमें प्राकृतिक विज्ञान, सामाजिक विज्ञान, स्वास्थ्य एवं स्वच्छता, पर्यावरण संरक्षण तथा मूल्य शिक्षा का समन्वय होता है। यह विषय बच्चों में जिज्ञासा, तर्कशक्ति, समस्या-समाधान क्षमता और पर्यावरण के प्रति संवेदनशील दृष्टिकोण विकसित करता है। EVS बच्चों को यह समझने में सहायता करता है कि मनुष्य और पर्यावरण एक-दूसरे पर निर्भर हैं तथा प्राकृतिक संसाधनों का संरक्षण आवश्यक है।

शिक्षण की दृष्टि से EVS में रटंत विधि के स्थान पर अनुभवात्मक, गतिविधि-आधारित, चर्चा, परियोजना और भ्रमण जैसी विधियों को महत्व दिया जाता है। EVS का उद्देश्य बच्चों को केवल जानकारी देना नहीं, बल्कि उन्हें सोचने, समझने और जिम्मेदार नागरिक बनने की दिशा में विकसित करना है।

MCQs

  1. EVS को जीवन-केंद्रित विषय क्यों कहा जाता है?
    क्योंकि यह केवल परीक्षा पर आधारित है
    B. क्योंकि यह केवल पुस्तक पर आधारित है
    C. क्योंकि यह बच्चे के दैनिक जीवन और अनुभवों से जुड़ा है
    D. क्योंकि इसमें केवल पर्यावरण संरक्षण पढ़ाया जाता है

उत्तर: C
व्याख्या: EVS बच्चे के परिवार, समाज, प्रकृति और दैनिक अनुभवों से जुड़ा होता है। बच्चा देखकर, अनुभव करके और सहभागिता के माध्यम से सीखता है, इसलिए EVS को जीवन-केंद्रित विषय कहा जाता है।

  1. EVS को एकीकृत विषय कहने का मुख्य कारण क्या है?
    इसमें केवल विज्ञान पढ़ाया जाता है
    B. इसमें केवल सामाजिक विज्ञान शामिल है
    C. इसमें विज्ञान, सामाजिक विज्ञान, स्वास्थ्य और पर्यावरण सभी शामिल हैं
    D. इसमें केवल नैतिक शिक्षा दी जाती है

उत्तर: C
व्याख्या: EVS में प्राकृतिक विज्ञान, सामाजिक विज्ञान, स्वास्थ्य, स्वच्छता और पर्यावरण संरक्षण का समन्वय होता है, इसलिए इसे एकीकृत विषय माना जाता है।

  1. EVS शिक्षण का मुख्य उद्देश्य क्या है?
    बच्चों से तथ्य रटवाना
    B. पाठ्यक्रम शीघ्र समाप्त करना
    C. बच्चों में पर्यावरण के प्रति समझ और संवेदनशीलता विकसित करना
    D. केवल परीक्षा की तैयारी कराना

उत्तर: C
व्याख्या: EVS का उद्देश्य बच्चों में पर्यावरण के प्रति जागरूकता, जिम्मेदारी और समझ विकसित करना है, न कि केवल तथ्यों का ज्ञान देना।

  1. EVS के दायरे में निम्न में से कौन-सा विषय शामिल नहीं होता है?
    परिवार और समाज
    B. पौधे और जानवर
    C. गणितीय सूत्र
    D. स्वास्थ्य और स्वच्छता

उत्तर: C
व्याख्या: EVS जीवन से जुड़े प्राकृतिक और सामाजिक विषयों पर आधारित होता है। गणितीय सूत्र EVS के दायरे में शामिल नहीं होते।

  1. EVS के लिए सबसे उपयुक्त शिक्षण विधि कौन-सी मानी जाती है?
    व्याख्यान विधि
    B. रटंत विधि
    C. अनुभवात्मक एवं गतिविधि-आधारित विधि
    D. दंडात्मक विधि

उत्तर: C
व्याख्या: EVS में बच्चे अनुभव, गतिविधि, चर्चा, परियोजना और अवलोकन के माध्यम से बेहतर सीखते हैं, इसलिए अनुभवात्मक एवं गतिविधि-आधारित विधि सबसे उपयुक्त मानी जाती है।

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