नोट : यहाँ प्रस्तुत की गई अध्ययन सामग्री एक डेमो सामग्री है जो आपके लिए कुछ इस ढंग से तैयार की गई है जिससे आपको एक आकलन हो जाए कि आपको इस फॉर्मेट में ही आपके संबंधित परीक्षा की अध्ययन सामग्री मिलेगी। कृपया ध्यान दें कि अलग-अलग परीक्षाओं के लिए अलग-अलग अध्ययन सामग्री उपलब्ध है यह केवल उदाहरण के लिए किसी भी परीक्षा को लिया गया है।
यूपी पुलिस हिंदी – शॉर्ट हैंडराइटन स्टाइल नोट्स
1. अलंकार
– परिभाषा: काव्य की शोभा बढ़ाने वाले साधन
– मुख्य भेद:
शब्दालंकार: अनुप्रास (कनक कनक ते सौ गुनी), यमक, श्लेष
अर्थालंकार: उपमा (मुख चंद्रमा सा), रूपक (तुम हो राम), उत्प्रेक्षा (मानो देवी उतरी), अतिशयोक्ति
ट्रिक: तुलना → उपमा, अभेद → रूपक, संभावना → उत्प्रेक्षा
2. रस (9 रस – याद रखो)
शृंगार (प्रेम) | हास्य (हंसी) | करुण (दुख) | रौद्र (क्रोध)
वीर (शौर्य) | भयानक (भय) | बीभत्स (घृणा) | अद्भुत (आश्चर्य) | शांत (शांति)
ट्रिक: प्रेम=शृंगार, दुख=करुण, क्रोध=रौद्र
3. छंद
– मात्रिक: दोहा (13-11), सोरठा (11-13), चौपाई (16-16)
– वर्णिक: सवैया, कवित्त
ट्रिक: 13-11 = दोहा
4. समास (5 मुख्य)
अव्ययीभाव: प्रतिदिन
तत्पुरुष: राजपुत्र (राज का पुत्र)
कर्मधारय: नीलकमल (नीला जो कमल)
द्वंद्व: माता-पिता
बहुव्रीहि: पंकज (पंक में जन्मा = कमल)
ट्रिक: “का/के/की” → तत्पुरुष
5. मुहावरे (टॉप 10)
आंख का तारा = बहुत प्रिय
अंगूठा दिखाना = मना करना
हाथ मलना = पछताना
नाक कटना = बेइज्जती
घी के दीये जलाना = खुशी मनाना
लोहे के चने चबाना = मुश्किल काम
मुंह में राम-बगल में छूरी = कपटी
6. वाक्य शुद्धि (कॉमन गलतियां)
गलत: मैंने किताब को पढ़ा → शुद्ध: मैंने किताब पढ़ी
गलत: वह घर को गया → शुद्ध: वह घर गया
ट्रिक: कारक गलत न लगाओ (को, ने, से)
7. पर्यायवाची (टॉप)
अग्नि → पावक, अनल, वह्नि
सूर्य → रवि, भानु, दिनकर
चंद्र → शशि, सुधाकर
जल → नीर, तोय, अंबु
8. विलोम
उन्नति → अवनति
प्रकाश → अंधकार
दिन → रात
अमृत → विष
9. एक शब्द
जो कभी न मरे → अमर
देखने में सुंदर → रमणीय / मनोहर
जिसका मालिक न हो → बेईमान