सुप्रीम कोर्ट ने UGC के 2026 नियमों पर स्टे लगा दिया है। कोर्ट ने इसे छात्रों और देश के हित में नहीं माना, क्योंकि इसमें जाति आधारित भेदभाव फैलने की आशंका थी। अब मार्च 2026 तक सुनवाई होगी और इस दौरान 2012 के पुराने नियम लागू रहेंगे।
क्या है पूरी अपडेट –
– सुप्रीम कोर्ट की बेंच (जस्टिस सूर्यकांत और जस्टिस बख्शी, CJI की बेंच) ने UGC एक्ट/नियम 2026 लागू करने पर रोक लगा दी।
– वजह: नियम में पहले ही जाति, धर्म, जेंडर आदि के आधार पर भेदभाव न करने की बात थी, लेकिन बाद में सिर्फ OBC को जोड़ने से जनरल कैटेगरी के खिलाफ अन्याय जैसा लग रहा था। इससे छात्रों में आपसी दुश्मनी बढ़ सकती थी।
– स्पीकर का कहना है कि न्याय का मतलब किसी निर्दोष को फंसाना या किसी के साथ अन्याय नहीं होना चाहिए।
– अखिलेश यादव ने भी यही बात कही थी कि दोषी न छूटे और निर्दोष न फंसे।
– यह मोदी सरकार के लिए बड़ा झटका बताया गया है, क्योंकि उनके कई नियम इस तरह चुनौती का सामना कर रहे हैं।
बड़ा असर होगा साबित –
सुप्रीम कोर्ट ने इस मामले में अब जब बड़ा निर्णय लिया है तो निश्चित रूप से इसका बड़ा असर देश भर में देखने को मिल सकता है अभी वर्तमान समय तक जो अपडेट है उसके अनुसार देश भर में अभी भी विरोध प्रदर्शन चल रहे हैं और इन सभी प्रदर्शनों को मद्देनजर रखते हुए ही देश में शांति व्यवस्था कायम हो और विद्यार्थियों के लिए समानता का भाव स्पष्ट हो और विरोधाभास की भावनाएं खत्म हो इसलिए सुप्रीम कोर्ट ने इस दुर्ग में फैसले की ओर अपना कदम बढ़ाया है अब देखना यह होगा कि क्या यह सीमित असर वाला मामला होगा या देशभर में एक बार फिर से सामान्य स्थिति बन जाएगी।
चल रहा भयानक विरोध –
देशभर में अनेक संगठन जो यूजीसी के इस कानून का विरोध कर रहे थे वह लगातार प्रदर्शन कर रहे हैं और देशभर में या विरोध बढ़ता नजर आ रहा है इसी बीच यह सुप्रीम कोर्ट का निर्णय संभव है कि एक शांति व्यवस्था कायम करने में मददगार साबित हो सकता है अब देखना यह होगा कि इस बड़े निर्णय के बाद देशभर में कैसा माहौल बनता है और विद्यार्थियों के बीच क्या सब कुछ सामान्य होता है या नहीं हालांकि हम आपको हर अपडेट समय पर देते रहेंगे।