देशभर में सरकारी नौकरी की तैयारी कर रहे युवाओं के बीच रेलवे सेक्टर हमेशा से सबसे लोकप्रिय विकल्पों में शामिल रहा है। खासकर बिहार और उत्तर भारत के लाखों छात्र रेलवे में स्थायी नौकरी पाने का सपना देखते हैं। इसी बीच रेलवे भर्ती में ITI ट्रेड की बढ़ती अहमियत को लेकर एक विस्तृत रिपोर्ट सामने आई है, जिसमें बताया गया है कि सही ITI ट्रेड का चयन युवाओं के करियर को नई दिशा दे सकता है।
रिपोर्ट के अनुसार भारतीय रेलवे में तकनीकी पदों पर भर्ती के दौरान ITI पास उम्मीदवारों को प्राथमिकता दी जाती है। रेलवे में हर साल Assistant Loco Pilot (ALP), Technician, Workshop Staff और Maintenance Staff जैसे हजारों पदों पर भर्ती निकलती है। ऐसे में फिटर, इलेक्ट्रिशियन, वेल्डर और मैकेनिक जैसे ट्रेड सबसे अधिक डिमांड में बताए गए हैं।
फिटर और इलेक्ट्रिशियन ट्रेड बने युवाओं की पहली पसंद –
विशेषज्ञों के अनुसार रेलवे के Mechanical और Electrical विभागों में सबसे ज्यादा अवसर Fitter और Electrician ट्रेड वालों को मिलते हैं। इन ट्रेड्स के जरिए उम्मीदवारों को ट्रेन मेंटेनेंस, सिग्नल सिस्टम, इलेक्ट्रिक लोको और वर्कशॉप में काम करने का मौका मिलता है। यही कारण है कि आज बड़ी संख्या में छात्र इन ट्रेड्स को प्राथमिकता दे रहे हैं।
इसके अलावा Welder, Diesel Mechanic, Turner और Wireman जैसे ट्रेड्स की भी रेलवे में अच्छी मांग बनी हुई है। रिपोर्ट में कहा गया है कि आधुनिक तकनीक और ऑटोमेशन के बढ़ते उपयोग के कारण तकनीकी स्किल रखने वाले युवाओं की जरूरत लगातार बढ़ रही है।
रेलवे भर्ती में बढ़ता कॉम्पिटिशन, सही ट्रेड चुनना जरूरी –
रेलवे भर्ती में हर साल लाखों उम्मीदवार आवेदन करते हैं, जबकि सीटों की संख्या सीमित होती है। ऐसे में केवल ITI करना ही पर्याप्त नहीं माना जा रहा, बल्कि सही ट्रेड चुनना भी सफलता की कुंजी बन गया है। विशेषज्ञों का कहना है कि जिन ट्रेड्स में रेलवे में अधिक वैकेंसी निकलती है, उन ट्रेड्स को चुनने वाले छात्रों के चयन की संभावना भी ज्यादा रहती है।
सोशल मीडिया और ऑनलाइन प्लेटफॉर्म्स पर भी रेलवे और ITI को लेकर युवाओं में काफी चर्चा देखने को मिल रही है। कई अभ्यर्थियों का मानना है कि तकनीकी ट्रेड भविष्य में बेहतर सैलरी और प्रमोशन के अवसर प्रदान करते हैं।
बिहार के युवाओं में रेलवे नौकरी को लेकर जबरदस्त उत्साह –
बिहार जैसे राज्यों में रेलवे नौकरी को आज भी सबसे सुरक्षित और सम्मानजनक करियर विकल्प माना जाता है। यही वजह है कि बड़ी संख्या में छात्र 10वीं और 12वीं के बाद ITI कोर्स की ओर रुख कर रहे हैं। हाल ही में बिहार ITI काउंसलिंग प्रक्रिया में भी छात्रों की भारी रुचि देखने को मिली थी।
हालांकि कुछ युवाओं ने रेलवे इंफ्रास्ट्रक्चर और सुविधाओं को लेकर चिंता भी जताई है। सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म Reddit पर कई यूजर्स ने बिहार के रेलवे स्टेशनों की स्थिति और सुविधाओं को बेहतर बनाने की मांग उठाई है।
तकनीकी शिक्षा से बढ़ेंगे रोजगार के अवसर –
करियर विशेषज्ञों का मानना है कि आने वाले समय में Skill-based Education का महत्व और बढ़ेगा। ITI जैसे तकनीकी कोर्स न केवल रेलवे बल्कि प्राइवेट सेक्टर, फैक्ट्री, इंडस्ट्री और सेल्फ-एम्प्लॉयमेंट के अवसर भी प्रदान करते हैं। कम समय और कम खर्च में पूरा होने वाला यह कोर्स आर्थिक रूप से कमजोर छात्रों के लिए भी एक बेहतर विकल्प बनकर उभर रहा है।