राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग (National Human Rights Commission – NHRC) :
राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग (NHRC) भारत का एक वैधानिक निकाय है जिसकी स्थापना मानवाधिकार संरक्षण अधिनियम, 1993 के अंतर्गत 12 अक्टूबर 1993 को की गई थी। इसका मुख्य उद्देश्य भारत में मानवाधिकारों की रक्षा और संवर्धन करना है। मानवाधिकारों का अर्थ है—जीवन, स्वतंत्रता, समानता और गरिमा से जुड़े अधिकार, जो भारतीय संविधान और अंतरराष्ट्रीय समझौतों द्वारा संरक्षित हैं।
NHRC का मुख्यालय नई दिल्ली में स्थित है। आयोग की संरचना में एक अध्यक्ष और अधिकतम 5 सदस्य होते हैं। अध्यक्ष पद पर वही व्यक्ति नियुक्त किया जाता है जो भारत का पूर्व मुख्य न्यायाधीश (Chief Justice of India) रहा हो। सदस्यों में सुप्रीम कोर्ट या हाई कोर्ट के पूर्व न्यायाधीश तथा मानवाधिकार क्षेत्र के विशेषज्ञ शामिल होते हैं। इनकी नियुक्ति राष्ट्रपति द्वारा एक चयन समिति की सिफारिश पर की जाती है, जिसमें प्रधानमंत्री, लोकसभा अध्यक्ष, गृह मंत्री, लोकसभा में विपक्ष के नेता, राज्यसभा के उपसभापति और राज्यसभा में विपक्ष के नेता शामिल होते हैं।
NHRC का कार्यकाल 3 वर्ष या 70 वर्ष की आयु (जो पहले हो) तक होता है। आयोग के प्रमुख कार्यों में मानवाधिकार उल्लंघन की शिकायतों की जाँच करना, जेलों का निरीक्षण करना, सरकार को सिफारिश देना, मानवाधिकार शिक्षा को बढ़ावा देना और अंतरराष्ट्रीय संधियों के अनुपालन की समीक्षा करना शामिल है। आयोग स्वयं संज्ञान (Suo Motu) भी ले सकता है।
आँकड़ों के अनुसार NHRC को प्रतिवर्ष लगभग 70,000 से अधिक शिकायतें प्राप्त होती हैं, जिनमें पुलिस अत्याचार, हिरासत में मृत्यु, महिला उत्पीड़न और बाल अधिकार उल्लंघन प्रमुख होते हैं। आयोग को सिविल न्यायालय जैसी शक्तियाँ प्राप्त हैं, जैसे—गवाह बुलाना, दस्तावेज़ मांगना और शपथ पर बयान लेना। हालांकि, यह न्यायालय नहीं है और इसके निर्णय बाध्यकारी नहीं होते, बल्कि सिफारिशात्मक होते हैं।
भारत में राज्यों के स्तर पर भी राज्य मानवाधिकार आयोग (SHRC) गठित किए गए हैं। वर्तमान में अधिकांश राज्यों में SHRC कार्यरत हैं। NHRC संयुक्त राष्ट्र के पेरिस सिद्धांत (1991) के अनुरूप कार्य करता है, जो मानवाधिकार संस्थाओं की स्वतंत्रता और निष्पक्षता के मानक निर्धारित करते हैं।
इस प्रकार NHRC भारत में लोकतंत्र, विधि का शासन और नागरिक स्वतंत्रताओं की रक्षा में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है तथा प्रशासनिक जवाबदेही सुनिश्चित करने का एक सशक्त संस्थागत माध्यम है।
बहुविकल्पीय प्रश्न (MCQs) :
प्रश्न 1 : राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग की स्थापना किस अधिनियम के अंतर्गत की गई थी?
A. मानवाधिकार अधिनियम, 1986
B. मानवाधिकार संरक्षण अधिनियम, 1993
C. नागरिक अधिकार अधिनियम, 1976
D. न्यायिक सुधार अधिनियम, 2002
प्रश्न 2 : NHRC के अध्यक्ष पद पर किसे नियुक्त किया जा सकता है?
A. कोई भी वरिष्ठ वकील
B. पूर्व राज्यपाल
C. पूर्व मुख्य न्यायाधीश, भारत
D. पूर्व मुख्य चुनाव आयुक्त
प्रश्न 3 : NHRC के अध्यक्ष और सदस्यों का कार्यकाल कितना होता है?
A. 4 वर्ष
B. 5 वर्ष
C. 3 वर्ष या 70 वर्ष आयु
D. 6 वर्ष
प्रश्न 4 : NHRC को कौन-सी शक्ति प्राप्त है?
A. कानून बनाना
B. सजा देना
C. सिविल न्यायालय जैसी जांच शक्ति
D. बजट पारित करना
प्रश्न 5 : NHRC का गठन किस वर्ष हुआ था?
A. 1990
B. 1991
C. 1993
D. 1995
🟩 उत्तर (Answer) :
1 — B
2 — C
3 — C
4 — C
5 — C